क्या आप तैयार हैं एक ऐसे शो के लिए जो आपके दिमाग को इस तरह हिला दे कि आप साजिशों के जाल में उलझ कर रह जाएं। अगर आपको लगता है कि आप जेम्स बॉन्ड हैं और हर मर्डर मिस्ट्री पहले ही सॉल्व कर लेते हैं, तो यह सीरीज़ आपको जरूर देखनी चाहिए। 1000 Babies Review एक रोमांचक, रहस्यमयी और दमदार पुलिस क्राइम ड्रामा, जो थोड़े-थोड़े वक्त पर आपके दिमाग की एक्सरसाइज कराता रहता है।
1000 Babies की कहानी शुरू होती है एक बूढ़ी औरत से, जो अपने इकलौते बेटे बबन के साथ एक बेहद डरावने और रहस्यमयी जंगल में रहती है। उसके कमरे की दीवारों पर लिखे अजीबो गरीब नोट्स आपको ऐसे सवालों में डाल देंगे, जिनके जवाब ढूंढते ढूंढते आप खुद इस सीरीज़ के जाल में फंसते चले जाएंगे।
अब इस सीरीज़ के सभी अनसुलझे रहस्यों को बहुत बारीकी से समझने की कोशिश करते हैं। तो अब अपना दिमाग पूरी तरह खोल लीजिए, क्योंकि 1000 Babies Review में हर मोड़ पर ये सीरीज़ आपको सोचने पर मजबूर कर देगी।
Webseries Details
| Director | Najeem Koya |
| Genre | Crime Thriller |
| 1000 Babies Cast | Neena Gupta, Rahman |
| No. of episodes | 7 |
1000 Babies Review In Hindi
अब कहानी को समझते हैं, यह कहानी शुरू होती है एक बूढ़ी औरत (नीना गुप्ता) से, जो इस सीरीज़ की मेन किरैक्टर है और आजकल एक जानलेवा मानसिक बीमारी से जिंदगी की जंग लड़ रही है। वो अपने अजीबोगरीब और डरावने विचारों को हमेशा दीवार पर लिखती रहती है, और जब तुम वो दीवारें देखते हो तो लगता है जैसे किसी के दिमाग का काला सच सामने बिखरा पड़ा हो। बहुत ही खौफनाक नज़र आता है।
उसका चहेता बेटा बिबिन बहुत ही साधारण जिंदगी जीता है, लेकिन उसकी जिंदगी में एक ऐसा मोड़ आता है जो उसकी पूरी दुनिया को तहस-नहस करके रख देता है।
यह एक बेरहम माँ की क्रूरता और उसके द्वारा खेले जाने वाले खौफनाक खेलों की कहानी है, साथ ही पुलिस के भी न समझ आने वाले रहस्यों से भरपूर एक एक्शन थ्रिलर है, और 1000 Babies Review In Hindi में जब आप इसे पढ़ेंगे तो समझ आएगा कि ये सीरीज़ हमारे समाज के बीच रह रहे ऐसे लोगों की पोल कैसे खोलकर रख देती है।
एक दिन कुछ ऐसा होता है सारा अपने हस्बैंड बिबिन को अपने अतीत की कुछ ऐसी क्रूर कहानी बताती है जिससे वो पूरी तरह हिल जाता है। सारा बताती है जब वो एक हॉस्पिटल में जॉब करती थी तब उसने 1000 बच्चों की अदला-बदली कर दी थी।
यह सुनकर बिबिन गुस्से से लाल हो जाता है और ऐसा कुछ करने की सोचता है जिससे उसका रिश्ता पूरी तरह से खत्म हो सकता है।
कहानी में असली ट्विस्ट तब आता है जब सारा अपने पति को सच बताने से पहले ही एक सीक्रेट लेटर लिखकर मजिस्ट्रेट को चुपके से भेज देती है। उस लेटर में वो अपने सभी पुराने करतूतों की पोल खोल देती है जिससे बिबिन की जिंदगी पूरी तरह बदल जाती है।
बिबिन अपनी पत्नी सारा और अपनी माँ दोनों के साथ क्या करता है जिसे पुलिस भी हैंडल नहीं कर पाती, यह जानना बहुत ही रोचक है। सारा की कहानी सुनकर मेरी आँखें नम हो गईं… वो हर रात अपने अतीत से लड़ती है, जैसे कोई पुराना घाव बार-बार भरने से मना कर दे। और सबसे हैरानी की बात?
यह किसी स्क्रिप्ट राइटर की कल्पना नहीं, बल्कि 1000 babies series real story का वो सच है जिस पर यकीन करना मुश्किल है। मैंने जब इसके बारे में पढ़ा तो सिहर उठा – क्योंकि यह हमारे समाज का वह कड़वा सच है जिससे आँखें चुराना आसान है, लेकिन भूलना नामुमकिन।
1000 Babies Review सिर्फ एक सीरीज़ की समीक्षा नहीं है, यह एक ऐसी कहानी है जो हर किसी के दिल को छू सकती है, नैतिकता, परिवार, और पाप के प्रभाव पर गहराई से सोचने पर मजबूर करती है। हर एक मोड़ पर आपको एक नया सस्पेंस और एक नई चुनौती इंतज़ार कर रही होती है।
वैसे अगर आपको ऐसी ही दमदार कहानियाँ पसंद हैं तो एक बार Vadh 2 Review भी पढ़ लीजिए वो फिल्म भी कुछ कम नहीं है।
अगर आप यहाँ तक आ गए हैं तो ज़ाहिर है यह कहानी आपको पसंद आ रही है। 1000 Babies Review में मैंने पहले भी कहा है और फिर कहूँगा इस सीरीज़ का हर पल आपको सोचने पर मजबूर कर देगा।
इन सब सवालों के जवाब जानना चाहते हैं तो इस आर्टिकल को अंत तक पूरा पढ़िए, या फिर आप ये सीरीज़ डिज़्नी प्लस हॉटस्टार पर जाकर देख सकते हैं।
क्या सचमुच 1000 Babies की ये बातें समझ में आ सकती हैं?
अब बात करते हैं इस सीरीज़ के नेगेटिव पॉइंट्स और लॉजिक की। सच कहूँ तो कई जगह पर चीज़ें इतनी उलझी हैं कि समझ आते-आते दिमाग घूम जाता है।
- पहली बात – एक अपराधी जो इतने सारे कांड करता है, वो ऐसा क्यों करता है इसकी कोई वजह ही नहीं बताई गई। बस दिखा दिया कि हो रहा है। क्यों हो रहा है, ये सवाल अनसुलझा रह जाता है।
- दूसरी बात – नर्स ने अपनी डायरी में सारे नाम और पते लिख रखे थे, फिर उसे दीवारों पर लिखने की क्या जरूरत पड़ी? और इतने सालों तक उसने वो नाम दीवार पर लिखे, उसके बाद भी उसके बेटे ने उन्हें कभी देखा नहीं? न ही रोका? ये थोड़ा लॉजिकल नहीं लगता।
- तीसरी बात – आखिर इतने सारे कांड करने के बाद भी उसके पास इतना समय कहाँ से आता था? और इतना पैसा कहाँ से लाता था कि तीन-तीन लाख रुपये बाँट देता था? वो इतनी एडवांस्ड लैब कैसे बना पाया जिसे पुलिस ढूंढ ही नहीं पाई? उसके नंबर से उसकी लोकेशन का भी पता नहीं चल पाया – ये सब सवाल हैं जो 1000 Babies Review में बार-बार दिमाग में आते हैं।
यह किसी भी मूवी में नहीं होना चाहिए।
यह सीरीज का अंत बहुत सरे अनसुलझे सबलो का जबाब दिए बिना ही हो जाता है जिससे बहुत ही निराशा होती है। इस सीरीज में भी मीडिया की तरह की हिन्दू मुस्लिम का एंगल डाला है जिसकी बिल्कुल भी जरूररत नहीं थी।
एक हिन्दू नेता ही कुछ आपत्तिजनक कहते हुए दिखते है जो बहुत ही बेकार लगता है।नीना तो हमेशा की तरह बेहतरीन हैं, जबकि रहमान और संजू शिवराम ने अपने किरदारों में गहराई से उतरने की कोशिश की है।
इसका निर्देशन नज़ीम ज़ोया ने किया जहा उन्होंने बहुत सारी चूक हुई है जैसे उन्होंने बहुत सरे मुद्दों कोई सेन्स ही नहीं लगाया जिससे कहानी में बहुत कुछ अधूरा सा लगता है।
1000 Babies वेब सीरीज में तो होना ही नहीं चाहिए था।
इसमें एक कट्टर सनातनी नेता के किरदार को बीफ खाते हुए दिखाया गया है – अब ये लोग क्या साबित करना चाहते हैं, यह समझ से परे है। एक ऐसा नेता जो औरतों और बेटियों के कपड़ों पर आपत्तिजनक बयान देता हो, यह सब बेकार निर्देशन की तरफ इशारा करता है।
1000 Babies Review में जब ये सीन देखे तो लगा – काश ये सब हटा दिया गया होता, तो सीरीज़ और असरदार बन सकती थी।
मुस्लिम कसाई को शिक्षा के खिलाफ दिखाना भी बिल्कुल बेतुका है। इस तरह की अनावश्यक बातें कहानी की थ्रिलिंग सेंस को पूरी तरह से खत्म कर देती हैं।
1000 Babies Hindi Review Final Conclusion
मैं बात करूँ अपनी नीना गुप्ता की तो उन्होंने बहुत ही शानदार अभिनय किया है। लेकिन साथ ही इस सीरीज़ में बहुत सारे इलॉजिकल किरदार और कुछ बेतुके सीन भी हैं। अगर आप उन्हें नज़रअंदाज़ कर सकें, तो यह सीरीज़ दिमागी कसरत के लिए एकदम परफेक्ट है।
मैं उम्मीद करता हूँ कि 1000 Babies Review पढ़कर आपको यह सीरीज़ देखने का मन करेगा। अगर मेरा यह आर्टिकल समझाने का तरीका आपको अच्छा लगा, तो एक कमेंट जरूर करके बताइए – आपको ये सीरीज़ कैसी लगी? आपकी राय का इंतज़ार रहेगा!
FAQs
who are the actors in 1000 babies
इस सीरीज में मैन किरदार रहमान, नीना गुप्ता, और संजू शिवराम इन्होने निभाया है। नीना गुप्ता ने अपने किरदार से सीरीज में जान डाल्दी।
which actor has 4 kids
धर्मेंद्र की पहली पत्नी प्रकाश कौर से चार बच्चे हैं: विजयता, अजीता, सनी, और बॉबी देओल।